उत्तराखंड के जंगलों में भड़की आग को बुझाने के लिए वायुसेना के हेलीकॉप्टरों की मदद ली गई। वन विभाग ने स्थानीय ग्रामीणों के साथ मिलकर ‘फायर वॉचर्स’ की संख्या दोगुनी करने का निर्णय लिया। इस बार वनाग्नि की घटनाओं में पिछले साल के मुकाबले 15% की वृद्धि दर्ज की गई है।